मालवा-निमाड़ की कला-संस्कृति पर कुल्हाड़ी चलाने की तैयारी
इंदौर (आशीष साकल्ले )।
क्षेत्रीय भाषा-बोली, कला-संस्कृति को बढावा देने का ढोल पीटने वाली केन्द्र सरकार की कथनी और करनी में कितना अंतर है, इसका ताजा उदाहरण प्रसार भारती व्दारा लिया गया मनमाना निर्णय है, जिसमें उसने एक मई से मध्यभारत के…
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