हुकमचंद मिल : अभी भी पेंच, बैंकों के 400 करोड़ कौन देगा

मजदूरों के पैसे देने के लिए एमआईसी में प्रस्ताव पारित, अब मामला परिसमापक को सौंपा

Hukamchand Mill
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इंदौर Hukamchand Mill। एक और जहां हुकुमचंद मिल की जमीन को बेचें जाने के मामले में नगर निगम से एमआईसी में प्रस्ताव पारित कर मजदूरों की शेष राशि 229 करोड़ देने का ऐलान किया है। दूसरी ओर हुकुमचंद मिल की लड़ाई लड़ रहे मजदूर नेताओं का कहा है कि अदालत ने उन्हें ब्याज सहित पैसे दिए जाने के लिए आदेश दिए है। इस हिसाब से लगभग 400 करोड़ रुपए हो रहे हैं।

महापौर ने आश्वासन दिया है कि वे इस मामले को अपने स्तर पर देखेंगे। दूसरी ओर इस मामले में सबसे बड़ा पेंच अभी भी वहीं खड़ा है, जिसमें बैंकों के बकाया 179 करोड़ रुपए कौन देगा? 2006 में उच्च न्यायालय बैंकों के हुकुमचंद मिल को दिए गए कर्ज को लेकर दी गई डिग्री में फैसला दे चुका है और अब यह बढ़कर ब्याज सहित 500 करोड़ के करीब पहुंच गया है। 2017 में भी यह जमीन 385 करोड़ में नहीं बिक पाई थी। कुल मिलाकर हुकुमचंद की जमीन से अब 800 करोड़ रुपए मिलना चाहिए, तभी यह मामला हल होगा। देखना होगा नगर निगम इस जमीन के लिए कौन सा प्रस्ताव बनाती है। जिससे सबकों राहत मिल सकें।

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वर्ष 2006 से हुकुमचंद मिल के मजदूर और बैंक के अपने पैसों को लेकर लगातार अदालतों में लडाई लड़ रही है। इसके पूर्व बैंकों ने डीआरटी के माध्यम से अपने पैसों की वसूली को लेकर फैसला करवाया था, परन्तु यह नहीं हो पाया। उसके बाद उच्च न्यायालय ने बैंको की बकाया राशि को लेकर वर्ष 2006 में यह फैसला दिया कि ब्याज सहित यह राशि जमीन बेंचकर वसूल की जाए। इस बीच मजदूर नेताओं के उच्च न्यायालय में दायर किए गए वाद में अदालत ने मजदूरों के पक्ष में 30 अगस्त 2002 को 229 करोड़ रुपए की वसूली का निर्णय दिया।

इसके बाद से यह मामला अदालतों और सरकार के बीच झूल रहा है। अब उच्च न्यायालय के रिकवरी अधिकारी को यह आदेश दिए गए है कि डीआरटी एक सप्ताह में हुकुमचंद मिल की जमीन परिसमापक को सौंप देंगे और इसके बाद एक बार फिर नीलामी की प्रक्रिया शुरू होगी। फिर वहीं पर सवाल आएगा कि नगर निगम दोनों ही देनदारियों को किस प्रकार निपटाएगा। अब नगर निगम को भी परिसमापक के सामने नीलामी के दौरान भाग लेना होगा। देखना होगा कि लंबी लड़ाई लड़ रहे मजदूरों को अभी भी उनकी मेहनत का पैसा मिलेगा या एक बार फिर यह मामला उलझता रहेगा। Hukamchand Mill

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