गलवान घाटी में चीन ने झंडा फहराया

भारत सरकार ने अभी कोई बयान जारी नहीं किया है, गत वर्ष इसी घाटी में झड़प में 20 भारतीय जवान शहीद हुए थे

नई दिल्ली (बीबीसी)। भारत और चीन के बीच लम्बे समय से विवाद का क्षेत्र रहे गालवान घाटी में चीन की सेना ने अपना झंडा फहरा दिया है। चीन सीमा में फिंगर-4 से लेकर फिंगर-8 तक पहले भारत की सेना गश्त करने जा सकती थी, अब यह पहाड़ियां पूरी तरह चीन के कब्जे में चली गई हैं। चीन के एक बड़े पत्रकार गालवान घाटी पर नए साल में अपने सैकड़ों सैनिकों के साथ चीनी झंडा फहराए जाने के साथ सोशल मीडिया पर जानकारी देते हुए बताया है कि गालवान घाटी पर नए साल में चीन का ध्वज लहरा रहा है। यह वही जगह है जहां भारतीय सैनिकों और चीनी सैनिकों के बीच हुई लड़ाई में 20 भारतीय सैनिक शहीद हो गए थे। दूसरी ओर चीन ने इस क्षेत्र में बड़े पुल का निर्माण भी शुरू कर दिया है। पहले भी यहां चीनी सेना के टेंट लगे हुए थे।
चीन के एक बड़े पत्रकार शेनशियांग ने सोशल मीडिया पर पूरा वीडियो डालकर दावा किया है कि गालवान घाटी में अब नया साल चीनी झंडे के साथ मनाया गया है। यहां पर चीनी सेना का कब्जा हो चुका है। यह वीडियो 1 जनवरी को चीनी अखबार ग्लोबल टाइम्स ने अपने ट्विटर हैंडल पर भी साझा किया है। वीडियो में चीनी सिपाहियों के पीछे एक चट्टान पर चीनी भाषा में संदेश लिखा हुआ है, जिसमें लिखा है कि जमीन का एक इंच भी नहीं देना है। इसमें चीन के सैनिक गालवान घाटी में राष्ट्रगान करते हुए दिखाए गए हैं। दो दिन पहले ही भारत और चीन के सैनिक सीमा पर एक दूसरे को मिठाई देते हुए दिखाए गए थे। लद्दाख की गालवान घाटी में जून 2020 में दोनों सेनाओं में हुई हिंसक भिड़ंत में भारतीय सेना के 20 जवान शहीद हो गए थे। इसके बाद कई क्षेत्रों में भारत और चीन की सेनाएं आमने-सामने है। वहीं चीन ने भारत के अरुणाचलम के कई क्षेत्रों के नाम बदलकर उन्हें अपने क्षेत्र में शामिल बताया है। पैंगोग लेक में भी चीन अपनी सीमा में कई बड़े पुलों का निर्माण कर रहा है ताकि वह बॉर्डर पर तेजी से सेना भेज सके।

You might also like
Leave A Reply

Your email address will not be published.